नई दिल्ली
भाजपा सदस्यों ने आज 2जी स्पेक्ट्रम आवंटन घोटाले की जांच कर रही संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) को ‘कंगारू कोर्ट’ की संज्ञा देते हुए इसकी बैठक से वाकआउट किया। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को समिति के समक्ष बयान देने के लिए बुलाने के मुद्दे पर भाजपा और कांग्रेस के बीच मतभेद स्पष्ट हैं। भाजपा सदस्य जसवंत सिंह, यशवंत सिन्हा, धर्मेंद्र प्रधान और रविशंकर प्रसाद ने बैठक से वाकआउट किया जिसमें गवाही देने वाले लोगों के नामों को अंतिम रूप दिये जाने की उम्मीद थी।
भाजपा के एक सदस्य ने कहा, ‘‘यह एक कंगारू कोर्ट है। इसलिए हम बाहर आ गये।’’ भाजपा चाहती रही है कि 2जी मामले में प्रधानमंत्री सिंह और वित्त मंत्री पी. चिदंबरम समिति के समक्ष बयान दें। इस मांग का कांग्रेस ने पुरजोर विरोध किया है। जेपीसी में 30 सदस्य हैं जिनमें 20 लोकसभा से और 10 राज्यसभा से हैं और अलग अलग दलों का प्रतिनिधित्व करते हैं। समिति के अध्यक्ष कांग्रेसी नेता पीसी चाको हैं। जेपीसी में कांग्रेस के 10 सदस्य हैं।
sabhar prabhasakshi.com
No comments:
Post a Comment