लेवी कीमत का आकलन उचित और लाभदायक मूल्य (एफआरपी) के आधार पर किया जाता है. विपणन वर्ष 2012-13 के लिये एफआरपी 170 रुपये प्रति क्विंटल था|सरकार बाजार भाव से कम मूल्य पर चीनी खरीदती है और राशन की दुकानों के जरिये 13.50 रुपये प्रति किलो बेचती है. सरकार हर साल गरीबों को राशन की दुकानों के जरिये 27 लाख टन चीनी बेचती है|अधिकारी ने कहा कि चीन की लेवी कीमत हर साल बढ़ रही है लेकिन खुदरा मूल्य 2002 से समान है|सरकार ने चालू वर्ष में चीनी का उत्पादन 2.3 करोड़ टन रहने का अनुमान जताया है जबकि पिछले साल 2.6 करोड़ टन चीनी का उत्पादन हुआ था|घरेलू मांग 2.1 से 2.2 करोड़ टन रहने का अनुमान है और इस लिहाज से उत्पादन पर्याप्त है|अधिकारी ने कहा कि सरकार अगले महीने गन्ना उत्पादन के दूसरे अग्रिम अनुमान के आधार पर चीनी उत्पादन के अनुमान को संशोधित कर सकती है|
sabhar pradeshtoday.com
No comments:
Post a Comment